एक शाम सजा कर रखी है मैंने

एक शाम सजा कर रखी है मैंने

बेसब्री के फूलों से,

एक आह मिलन की निकल रही है

आज हमारे दिलों से।

नर्म मखमल की सेज सजाई और

पातों की सी तकिया,

फूलदान सजा बन कर बगिया

लाल सर्द गुलाबों से।

दीवाल घड़ी पर समय तुम्हारी

राह प्यार से देख रहा,

तस्वीरों ने बेसब्री बढ़ा दी ऐसे

सटकर दीवारों से।

आम्रपल्लवों से सज्जित द्वार; तैयार

तुम्हारे स्वागत को,

हुआ जा रहा मेरा सदन प्रकाशित

आनन्द के खद्योतों से।

तुम जल्दी से आना मेरे साजन;

शाम दीवानी हो रही,

स्नेह खिल रहा बन कर लाली

मेरे कोमल कपोलों से।

एक शाम सजा कर रखी है मैंने

बेसब्री के फूलों से,

एक आह मिलन की निकल रही है

आज हमारे दिलों से।

-आरती मानेकर

Advertisements

आत्महत्या

आत्महत्या..

विकल्प है तेरे दुःखी जीवन का

या विश्वास में तेरे

प्रकल्प है यह नवजीवन का।

जो भी हो, यह मिथक है;

इसके पश्चात् सुख की खोज

वास्तविकता से पृथक् है।

आत्महत्या से विनाश ही

 प्रतिपादित होता है,

आत्महत्या करने वालों का

अस्तित्व विवादित होता है।

यह विचार तनिक सरल नहीं,

इससे बड़ा न कोई पाप है

और भयानक कोई गरल नहीं।

इस राह पर आने की

चाहे जो हो विवशता,

लौट जा जीवन को वापिस,

तज के तू परवशता।

अश्रुओं के द्वारा कह दे

जो दुःख तेरे भीतर है,

किन्तु छोड़ना नहीं संसार को,

यह जीवन अत्यंत सुंदर है।

संसार का यह एक नियम विशेष है:

करुण के अतिरिक्त भी

जीवन में नौ रस शेष हैं।
-आरती मानेकर

अधेढ़ उम्र और तुम…

वो अधेढ़ उम्र की थकान

और दुगुनी होती जिम्मेदारियाँ

बड़ा होता परिवार

और छोटा होता सदन

वो चिंताओं से घिरा मन

और बिखरता हुआ गृहस्थ जीवन

वो स्वस्थ तन और काया

और बीमार मेरा अकेलापन!

सबकी केवल एक इच्छा…

तुम मिलो, पुनः, जीवन को जीवन बना दो…

एक बार, केवल एक बार,

उर में प्रेमपूर्ण जिजीविषा जगा दो…

तुम, जीवनसंगिनी मेरी;

छोड़ो एक क्षण को संसार का ताना-बाना,

और मेरे जीवन को महका दो…

आओ, बैठे पुनः प्रेमी-युगल की तरह

उसी बाग में, उसी झूले पर…

खोल दो अपने उर को पूर्णता से

निःसंदेह, निःसंकोच बातें करो

निःशब्द न रहना, प्रेम करो…

तुम; केवल तुम…

मेरे जीवन का अंतिम कारण बन जाओ…!

-आरती मानेकर

Shhhhh……

मैं सो रही थी, रात के ठीक 12 बजे मेरा mobile बजा और मेरी नींद टूटी। इससे पहले कि मैं phone उठाती, phone बजना बन्द हो चुका था। जब mobile check किया तो पाया कि किसी unknown number से call था। मैंने call back किया, लेकिन वो number switch off था। इतने में मेरे घर के main door की bell बजी। मैं डर गई, फिर से bell बजी और बार-बार बज रही थी। मैं हिम्मत करके अपने रूम से बाहर गई, सीढ़ियों से नीचे उतरी और धीरे से घर का दरवाजा खोला, और मेरी बंद आँखें भी, जो डर की वजह से बन्द हो गई थीं। आँखें खुलते ही मैंने देखा कि दरवाजे पर कोई नहीं था। इससे पहले कि मैं कुछ समझ पाती, घर के landline पर किसी का phone था। मैंने झट से दरवाजा बन्द किया और phone उठाने बढ़ी, लेकिन जब तक मैं phone के पास पहुंची, landline भी बजना बन्द हो चुका था। अब मैं कुछ ज्यादा ही डर गई थी। डर से मेरा गला सुख चुका था और पसीना मेरे माथे से टपक रहा था। मैं पानी लेने kitchen की ओर बढ़ी।पानी पिया, थोड़ी राहत महसूस हुई, खुद को सम्भाला और मैं वापस अपने कमरे की ओर बढ़ी। कुछ सीढ़ियाँ चढ़ते ही मुझे मेरे कमरे से हँसने की आवाज आने लगी। मैं और ऊपर चढ़ी और lights बन्द हो गईं, लेकिन हँसने की आवाज अभी भी आ रही थी। मेरे हाथ में मेरा mobile था तो मैंने उसका torch on किया और अपने कमरे की ओर बढ़ी। कमरे का दरवाजा बन्द था, जबकि मैं उसे खुला छोड़ गई थी। अब वो हँसी बन्द हो चुकी थी। धीरे-धीरे दरवाजा अपने आप ही खुल गया। मेरे हाथ से mobile गिर गया और उसका torch बन्द हो गया। मैंने mobile उठाया और जैसे ही कमरे में कदम रखा, HAPPY BIRTHDAY TO YOU की आवाज के साथ ही कमरे की light चालू हुई और मैंने देखा कि मोहित, रूपल, रिद्धिमा, ओजस और मेघ सब मेरे कमरे में थे और एक बहुत ही खूबसूरत cake लाया था उन्होंने। अब मेरे चेहरे पर थोड़ा डर और थोड़ी मुस्कुराहट थी और साथ ही आँखों में डर के आँसू…
मैं तो भूल ही गई थी कि आज मेरा birthday है और इस बात से चकित भी थी कि कोई मुझे इस तरह से wish भी कर सकता है।

” पल्लवी, chill dear और अब आओ cake cut करें, wish u a very happy birthday…” मेरे चहरे के डर को पढ़कर मेघ ने उसे दूर करने की कोशिश की..।

“यार, तुम सब, इस तरह से ये सब.. omg, मैं तो पूरी तरह से डर गई थी!” मैंने कहा।

“अब तो ठीक हो न पल्लू? चलो अब cake cut करो जल्दी…. I’m excited..😍” रिद्धिमा बोली।

मोहित ने मेरे हाथ में चाकू दिया और मैंने cake काँटा। और सबने फिर से एक बार मुझे wish किया। रूपल ने तो मेरे चेहरे पर cake लगा कर मुझे भूत ही बना दिया था। हम सबने बहुत enjoy किया। 

“चलो सब लोग.. कल अनीता की सगाई में भी जाना है न..😍 मुझे shopping भी करनी है!” रूपल बोली।

“मेरा वहां आने का बिल्कुल मन नहीं है, mummy-papa से सुना था उस जगह के बारे में कि कईं सालों पहले आपसी झगड़े के चलते किसी ने रात को उस घर में आग लगा दी थी, जिसमें घर के सारे लोग जलकर मर गए। कहते हैं आज भी उनकी आत्मा वहाँ घूमती है। पता नहीं अनीता के papa ने वो farmhouse कैसे खरीद लिया।” मैंने लम्बी सांस भरते हुए कहा।

“पल्लू, क्या तुम भी.. आत्मा और वो भी आज के जमाने में.. कोई बहाना नहीं चलेगा.. तुम्हें आना होगा हमारे साथ.. मैं कल लेने आ जाऊंगा। ” मोहित बोला।

“और अगर किसी आत्मा ने तुमको पकड़ लिया, तो हम दोस्त कब आएंगे काम..😉 बचा लेंगे तुमको” मेघ मुझे चिढ़ाते हुए बोला।

मुझे हां कहना पड़ा और एक बार फिर मुझे wish करने के बाद सब अपने घर के लिए निकल गए। मैं घर का main door बन्द करके अपने कमरे में गई और कल के बारे में सोचते-सोचते मुझे कब नींद आ गई, पता भी नहीं चला।
अगले दिन सुबह मेरी नींद mummy-papa के call से ही टूटी। 

“happy birthday बच्चा” mummy-papa ने एक साथ wish किया।

“thankyou mum-dad.. कैसे हो आप? कब आ रहे हो.. मुझे बहुत याद आ रही आपकी.. और हा आज मुझे अनीता की सगाई में जाना है… कल रात को रिद्धिमा, रूपल, मेघ और मोहित आए थे.. मैंने मना भी किया था, but वो लोग नहीं माने…तो मुझे हा बोलना पड़ा … mum…”

“बेटा बस…बस…जरा धीरे… एक साथ इतना सब.. जरा सांस तो लो…”

“oops, sorry mum, आपसे नहीं मिली न एक हफ्ते से तो सब बोल दिया एक साथ.. जल्दी आओ न..”

“हा बेटा, हम परसो घर पहुंच जाएंगे.. ध्यान रखो अपना.. और वो क्या कह रही थी तुम.. अनीता की सगाई? बेटा वो तो उनके farm house में है न..?”

“हां”

“तुमसे कहा था न वहाँ नहीं जाना…”

“पर dad..अनीता की सगाई है न.. और सारे frnds भी force कर रहे हैं.. ”

” जाने दो न उसे.. उसकी frnd की सगाई है.” mum, papa से बोली।

“okay, ठीक है.. लेकिन ध्यान रखना बेटा अपना..”

“thank you papa and mumma… love you both..”

“love you too बेटा..चलो.. bye…”

“bye..”  इतना कहकर phone रखा और मैं अपने कामों में लग गई।  

शाम हो गई.. मैं तैयार हो रही थी.. मेरा सारा दिन तो बस उस घर और जलाकर मारे गए लोगों के बारे में सोचते हुए बिता। लेकिन अभी भी वही विचार मेरा पीछा नहीं छोड़ रहे थे..। 

इतने में मेरे विचारों के बाँध को तोड़ती हुई मोहित की गाड़ी आ कर मेरे घर के सामने खड़ी हुई..। उसने horn दिया, मैंने खिड़की से अंदर आने का इशारा किया.. मेघ, मोहित, रूपल, ओजस और रिद्धिमा सब hall में बैठे मेरा wait कर रहे थे। मैं तैयार होकर नीचे आ रही थी कि मेरे पैर में अचानक मोच आ गई और मैं सीढ़ियों पर ही बैठ गई.. सब दौड़ते हुए मेरे पास आए, रिद्धिमा ने मेरे कमरे से spray लाया और मेरे पैरों पर लगाया। अब पैर ठीक था, लेकिन ऐसा लग रहा था कि कोई मुझे वहां जाने से रोक रहा है। 

“ठीक हो न पल्लू” ओजस बोला।

मैंने हा में सिर हिलाया और खड़ी हो गई।

“चलो, काफी देर हो चुकी है… late हुए तो अनीता को बुरा लगेगा..” मोहित बोला।

और हम सब जाकर गाड़ी में बैठ गए। मोहित driving कर रहा था और मेघ उसकी बगल वाली seat पर बैठा था और हम सब पीछे। काफी कोशिश के बाद भी मोहित गाड़ी start नहीं कर पाया।

“क्या हुआ मोहित?” मेघ बोला।

“पता नहीं क्या हुआ है, सब तो ठीक है, लेकिन गाड़ी start नहीं हो रही।”

“girls, जरा उतरना गाड़ी से” मेघ चिढ़ाते हुए बोला।

सबसे पहले मैं उतरी और मेरे उतरते ही गाड़ी start हुई। मुझे फिर एहसास हुआ कि कोई मुझे वहाँ जाने से रोक रहा है, लेकिन किसी से कुछ नहीं कहा मैंने।

“लगता है पल्लवी पहले से ही बहुत सारा खा कर आई है, वहां क्या खाओगी पल्लू..?” सब मुझे चिढ़ाते हुए बोले।

मैं गाड़ी में बैठी और हम सब चल पड़े। रास्ता काफ़ी लम्बा था, venue शहर से बाहर था। मैं पहले भी कई बार इस रास्ते से आ-जा चुकी थी,लेकिन आज यह रास्ता बड़ा ही अजीब और डरावना लग रहा था।आज एक भी pole पर light नहीं जली थी और अचानक से रास्ते पर के पेड़ भी बहुत बड़े लग रहे थें। सब कुछ अजीब था।  सब लोग बातें कर रहे थे लेकिन ना जाने क्यों मेरा मन अब भी डरा हुआ था। अचानक से गाड़ी रुकी और धक्का लगने से मैं फिर ख्यालों से बाहर आई। हम सबने एक साथ मोहित से पूछा “क्या हुआ?”

उसने सामने इशारा किया। हमने देखा एक छोटी सी लड़की अपनी गुड़िया के साथ खेल रही थी, वो भी बीच रास्ते, उसके आस-पास कोई नहीं था। रास्ते पर चारों ओर सिर्फ और सिर्फ अंधेरा ही था।

हम सब गाड़ी से उतरें और जैसे ही बच्ची की तरफ बढ़े तो देखा कि वहाँ कोई नहीं था। हम सब थोड़ा डर गए.. पीछे से कुछ आवाज आईं, वो हम सबने पलटकर देखा और पाया कि वही बच्ची किसी औरत के साथ जा रही थी। शायद वह उसकी माँ थी। सबने राहत की सांस ली और फिर गाड़ी में बैठे और गाड़ी चल पड़ी। इस बार चर्चा का विषय वही बच्ची थी।

हम थोड़ा आगे बढ़े, अचानक मेघ, जो मोहित के बगल वाली seat पर बैठा था,  ने देखा कि एक पेड़ हमारे रास्ते में गिरने वाला है। मोहित ने गाड़ी fast की और इससे पहले की वो पेड़ गिरे हम लोग वहां से निकल गए और हम बच गए। अब कोई भी समझ नहीं पा रहा था कि क्या हो रहा है। मैंने वापस चलने को कहा , लेकिन कोई नहीं माना।और मोहित ने गाड़ी आगे बढ़ा दी। अचानक मौसम भी ख़राब हो गया, हवाएँ तेज हो गई, शायद बारिश होने वाली थी। और party venue के पास पहुंचते -पहुंचते हमारी गाड़ी भी puncture हो गई। 

“damn..! ये गाड़ी को भी अभी खराब होना था..” मोहित चिढ़ के बोला।

“मोहित, यहीं तो पास में है venue.. हम पैदल भी जा सकते हैं।” रूपल उसे शांत करते हुए बोली।

हम अब पैदल ही चलने लगे.. रास्ता अचानक से लम्बा लगने लगा। जैसे-तैसे हम वहां पहुंचे और हमने देखा कि पूरा घर जल रहा है… और शायद घर के अंदर भी कोई था.. लोगों की बातें सुनाईं दी।

“पता नहीं यहां आग कैसे लग गई! ये सब भैया की ही करनी का फल है.. 20 साल पहले उन्होंने इसी जगह को ऐसे ही जलाया था बिना किसी की परवाह किए..और आज वो खुद ही जल रहे हैं..” रोते हुए किसी ने बोला।

थोड़ा पता करने पर पाया कि वो सुधीर(अनीता का मंगेतर) के चाचा थे और जो घर के अंदर जल रहे थे वो सुधीर के papa….

इस आग को देखकर मुझे बहुत कुछ याद आ रहा था, मैं पूरी तरह से डर चुकी थी, ऐसा लग रहा था जैसे ये सब पहले भी कभी मेरे साथ हो चुका है.. वही जगह, वही घर, वही आग और उसी तरह से रोती हुई मैं… बस बदला था तो अंदर जलता हुआ इंसान…सब कुछ सपने की तरह मेरे सामने खड़ा था.. कुछ समझ नहीं आ रहा था.. मेरे बाकी frnds अनीता और उसकी family को दिलासा दे रहे थे…

अब बारिश भी होने लगी थी, लेकिन आग उसी तरह जल रही थी और घर के  अंदर से आने वाली आवाजों ने सबको दहशत में डाल दिया था।

इतने में मेरे parents, जो कि परसो आने वाले थे, वहां आ पहुंचे.. मुझे देखते ही उन्होंने मुझे संभाला..

“papa, ऐसा लग रहा है कि ये सब मेरे साथ पहले भी हो चुका है..!” मैं papa से लिपट गई और रोते हुए बोली।

“हां, बेटा, ये तुम्हारा ही घर था। आज इसके अंदर जो इंसाल जल रहा है, उसी ने 20 साल पहले तुम्हारे माँ-पिताजी और भाई को इसी घर नें जलता हुआ छोड़ दिया था… बस तुम मेरे पास थी, और तुम बच गई..” papa ने भी रुआंसी आवाज में कहा…।

मैं रोती हुई उस जलते हुए घर को देख रही थी और उस आग में जलते हुए मैं अपने भाई और maa-papa को देख पा रही थी…..

-आरती मानेकर

 Awards

Hi guys..

Here I’m presenting my two awards, which have been given by my two blogger frnds…

1) One lovely blog award – doc2poet 

I would like to thank doc2poet.wordpress.com for this award. This is the second award given by him to me..😇

Here is my award…

Source here

 

  

Rules

  • Thank the person who nominated you and link to their blog.
  • Nominate other bloggers, making sure each one knows that they are nominated.
  • List 7 things about yourself and pass on the beacon.

I think most of u know about me…😅coj I’m feeling lazy to write about myself…😊😉… Those who don’t know about me, can know about me by clicking here.

MyNomination:

Sanjay Ronghe

 spronghe.wordpress.com

Guys must visit his blog if u understand and like Marathi poems…

&my sweet friend Jaanvi

jaanviweb.wordpress.com
2) Make it ultra blog award – anonymousabhi

So, for this award, I would like to thank Abhi (.anonymousabhi.wordpress.com

) and sorry for the delay..


Here is my award.


About the award…

TheMakeItUltra Blogger Award is an award given to bloggers by bloggers for quality content, originality and presentation. The intention of this award is to encourage connectivity and support in the blogging community and to increase exposure for individual bloggers.

THE RULES

If you have been nominated for the MakeItUltra BloggerAward and choose to accept,write a blog post about the MakeItUltra Blogger Awardin which you:

1.Thank the person who nominated you and posta link to their blog on your blog. Take a moment to positively promote the person whonominated you.

2.Display the award on your blog by adding it to your post and/or displaying it using a widget on your page (Save the image to your computer and upload it to your blog post) Don’t forget to use the tag #MyUltraAward when you make your post!

3.Answer the MakeItUltraBlogger Award questions.

4.Nominate 1-8 blogs that you feel deserve the award and provide links.

5.Provide 5 random facts about yourself (optional).

6.List these rules in your post (You can copy and paste from here).

7.Inform the people/blogsthat you nominated that they have been nominated for the MakeItUltraBlogger Award and provide a link for them to your post.

Question- answer time..

1.What is your name ?

– Arti Manekar

2.What is your most memorable moment till now ?

-there are many… I want to share one.. It was the moment when my best friend suddenly called me after 2 years..n I was so happy receiving her call,  coj there was a lil quarrel between us.

3.What goes on your mind while writing ?

– whatever I’m writing, it should satisfy to my heart n mind..

4.Why did you start writing… ?

– there was no intention behind it… I write for my heart’s pleasure.

5.What you do when you are sad?

– I sleep..or keep quiet.


Nomination:

cradleofjoy.wordpress.com 
Guys must visit the blog.. I like her food recipes..😋😋😋

Congratulations dear…n the questions are same for u…only the changes in 3&4 que e.g. 3. What goes on Ur mind while cooking? 4.why did u start blogging?
Keep smiling ..

Keep writing…

Sunshine Blogger Award….

Hi guys….

Here I’m with my new award…which had been given to me by doc2poet (doc2poet.wordpress.com ). Thanks a lot for the nomination…😇😇

He’s a wonderful poet… N a doctor… So read his poems…n u can go for treatment to him..😅

Here is my award..

Source here

               

The Sunshine Blogger Award is given to those who are inspiring and bring sunshine into the lives of their readers and fellow bloggers.

Rules

  • Thank the person who nominated you.
  • Nominate 11 other bloggers, making sure each one knows that they are nominated.
  • Answer the 11 questions you’ve been asked and pass them on.

***

So here are the 11 questions I am going to answer…

  • Which country are you from?

Ans: India

  • What, according to you, is the best thing about blogging? 

Ans: It keeps me active… N when ppl read, like n comment on my blog, it encourages me to write more…

  • Your favorite animal is?

Ans:  cats and dogs..

  • What is your idea of friendship?

Ans:  to spend my whole life with them (frnds).

  • One song you’ll never stop listening to.

Ans: ah…not a one .. Can’t stop listening old songs…

  • Do you watch YouTube? If yes, who’s your favorite You Tuber?

Ans: No.!!!

  • Do you love animals? 

Ans: Yes, I love them……😍😍

  • Who prepares your lunch? 

Ans:  My mum, me…

  • What is the best thing that’s happened to you, till date, in life?

Ans: I started blogging is the best thing..

  • Morning person or a night one?

Ans: Morning…..mornings are beautiful… The sun.. N everyone full of energy…😍

  • Favorite brands – clothes and skincare. 

Ans:  Clothes: not a one, I use different every time.

           Skincare: I’m really lazy in caring for myself. So can’t say anything .😅😅

 

And finally the nominations for both the lovely awards:-

1)    kiranmag.wordpress.com

2)    aasthagangwarpoetries.wordpress.com

3)    kumarrahulblog.wordpress.com

4)    187puneet.wordpress.com

5) mpjethwa.wordpress.com

6)    akshatgaur.wordpress.com

7)    emotionsoflife2016.wordpress.com

8)    sharmaeli11.wordpress.com

9)    twentiesandbutter.wordpress.com

10)  anamikaablog.wordpress.com

11)  wordsandnotion.wordpress.com

         Congratulations to all the nominations. Keep writing n keep inspiring… 🤗

A to Z challenge..

Hello guys… Good noon..

Here I’m with new challenge, which has been given me by Saketh (my virtual dad)😅…( sakethscribbles.wordpress.com)

I would like to thank him for the nomination.. I was very excited about this challenge.. So here I’m gonna complete it…
A – age : 19 🎂

B- biggest fear: to loss love ones!😥

C- current time : 02:35PM🕦

D- Drink you last had: Water💦

E- Everydaystarts with : A glass of water.🍶

F- Favorite song: “lag jaa Gale SE”🎭

G- ghosts are real : not actually.👻

H- hometown : Sausar🏠

I- in love with : Life❤

J – jealous of: My brother’s gf…😏

K- killed someone :  mosquitoes..😅

L-last time you cried : when it was paining in my stomach.😪

M-middle name : Hirasao😃

N- number of siblings : 2😑

O- one wish : To be a politician.😌

P- person you last called : it was a wrong number..😂

Q – question you’re always asked : “how are you Arti? “😁

R- Reason to smile: the world is beautiful, so I smile.😄

S- sounds that irritate me : when people quarrel with each other loudly..😂😭

T- time you woke up: not a perfect time… Bt 8:00 AM is deadline…😂😂😂

U- unnecessary one: some neighbours…🙁

V- vacationdestination : like to spend vacation in my city only.🤗

W- worst habit : late night online… Improving myself now .😉

X- x-ray you last had : chest.. May be I was 2 or 3 years old that time.👶

Y- your favorite food: kadhi chawal n sweets..🍚

Z – zodiac :  Aries ..😇

My Nominees: